


जयपुर, 4 नवंबर। मुख्य सचिव श्री वी. श्रीनिवास की अध्यक्षता में शासन सचिवालय में बुधवार को बच्चों के विरुद्ध अपराधों की रोकथाम, ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई तथा बच्चों की सुरक्षा एवं संरक्षण सुनिश्चित करने के संबंध में बैठक आयोजित हुई। बैठक में अतिरिक्त मुख्य सचिव गृह श्री भास्कर सावंत, अतिरिक्त मुख्य सचिव सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता श्री दिनेश कुमार सहित संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। पुलिस महानिदेशक श्री राजीव कुमार शर्मा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक में शामिल हुए। मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि बच्चों के विरुद्ध अपराधों से जुड़े मामलों में सभी फॉरेंसिक जांच शीघ्रता से पूर्ण की जाएं, ताकि पीड़ितों को त्वरित न्याय मिल सके। उन्होंने इस दिशा में आवश्यक संसाधनों एवं व्यवस्थाओं को सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए।
बाल श्रम से जुड़े मामलों के त्वरित निस्तारण एवं पुनर्वास पर विशेष जोर मुख्य सचिव ने कहा कि बाल श्रम से जुड़े मामलों के प्रभावी निस्तारण के लिए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय एवं दक्षता के साथ कार्य करें। उन्होंने रेस्क्यू किए गए बच्चों के समुचित पुनर्वास, शिक्षा एवं सुरक्षित भविष्य के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही, बाल हितैषी पुलिसिंग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विभिन्न योजनाओं एवं कार्यक्रमों के तहत किए जा रहे प्रयासों की समीक्षा की। उन्होंने बाल विवाह के विरुद्ध जनजागरूकता बढ़ाने तथा इस सामाजिक कुरीति की रोकथाम के लिए निरंतर प्रभावी प्रयास करने पर भी जोर दिया।
