देहात कांग्रेस अध्यक्ष सियाग हॉस्पिटल पहुंचे और मरीजों से मिले
बीकानेर। बीकानेर के सरकारी अस्पताल पीबीएम के प्रसूति वार्ड में एक बड़ी लापरवाही का मामला सामने आया है। सी-सेक्शन (ऑपरेशन) करवाने वाली 6 महिलाओं की हालत अचानक बिगड़ गई और उनमें किडनी संबंधी गंभीर जटिलताएं पैदा हो गईं।
घटना करीब 10-15 दिन पहले की :
जानकारी के अनुसार घटना करीब 10-15 दिन पहले की बताई जा रही है। पीबीएम अस्पताल के प्रसूति विभाग में इन महिलाओं का सी-सेक्शन कराया गया, जिसके बाद उनकी तबीयत तेजी से बिगड़ने लगी। सभी महिलाओं को किडनी फेलियर की शिकायत के साथ आईसीयू में भर्ती कराया गया है। कुछ महिलाओं को डायलिसिस पर रखा गया है, जबकि एक की हालत बेहद नाजुक बताई जा रही है।
परिवारों का आरोप :
परिवारों ने अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि ऑपरेशन के बाद उचित देखभाल नहीं की गई, जिसकी वजह से महिलाओं की हालत बिगड़ी। यह घटना कोटा के हालिया मामले की याद दिलाती है, जहां इसी तरह की लापरवाही सामने आई थी।
अस्पताल और प्रशासन की प्रतिक्रिया :
अस्पताल प्रशासन ने मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं। स्वास्थ्य विभाग की टीम भी मौके पर पहुंचकर जांच कर रही है। फिलहाल सभी प्रभावित महिलाओं का इलाज जारी है और उनकी स्थिति पर नजर रखी जा रही है।
यह घटना बीकानेर के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल की व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े कर रही है, जहां रोज सैकड़ों गरीब मरीज इलाज के लिए आते हैं।
लापरवाही में शामिल चिकित्सकों के खिलाफ कार्रवाई हो-बिशनाराम
बीकानेर देहात कांग्रेस के अध्यक्ष बिशनाराम सियाग हॉस्पिटल पहुंचे और मरीजों के परिजनों से मिले । सियाग ने कहा कि पीबीएम अस्पताल में डिलीवरी के बाद कई प्रसूताओं की तबीयत बिगड़ने, किडनी फेल होने तथा डायलिसिस तक की नौबत आने की खबर अत्यंत चिंताजनक है। आईसीयू में इन मरीज़ के परिजनों से मिलकर हाल चाल जाने।
चिकित्सकों से बात करके उचित उपचार के लिये बोला है। प्रशासन से हमारी मांग है कि इस लापरवाही में शामिल चिकित्सकों के खिलाफ कार्रवाई हो।
