जयपुर। राजस्थान में आगामी नगरीय निकाय चुनावों को लेकर गुरुवार को आरक्षण की लॉटरी प्रक्रिया पूरी होने के साथ ही नगर निगम, नगर परिषद और नगर पालिकाओं के प्रमुख पदों की तस्वीर साफ हो गई है। प्रदेश के 309 नगरीय निकायों में अध्यक्ष, सभापति और महापौर पदों के लिए आरक्षण का निर्धारण किया गया है। आरक्षण का निर्धारण जनसंख्या और रोटेशन व्यवस्था के आधार पर किया गया है।
309 निकायों में 188 पद अनारक्षित
आरक्षण व्यवस्था के तहत कुल 309 नगरीय निकायों में 188 पद अनारक्षित रखे गए हैं। वहीं 121 पद आरक्षित किए गए हैं। आरक्षित पदों में अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST) और अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के लिए अलग-अलग सीटें निर्धारित की गई हैं।