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राजस्थान हाईकोर्ट के एक्टिंग चीफ जस्टिस को हटाने की मांग, सुप्रीम कोर्ट जज संदीप मेहता ने उठाए गंभीर सवाल

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नई दिल्ली/जयपुर । राजस्थान हाईकोर्ट के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश (एक्टिंग चीफ जस्टिस) न्यायमूर्ति संजीव प्रकाश शर्मा के कामकाज को लेकर सुप्रीम कोर्ट के जज न्यायमूर्ति संदीप मेहता…

राजस्थान हाईकोर्ट के एक्टिंग चीफ जस्टिस को हटाने की मांग, सुप्रीम कोर्ट जज संदीप मेहता ने  उठाए गंभीर सवाल

Highlights

  1. नियमित चीफ जस्टिस की नियुक्ति की मांग
  2. प्रशासनिक शक्तियों के दुरुपयोग का आरोप
  3. साथी जजों को ट्रांसफर की धमकी देने का आरोप

नई दिल्ली/जयपुर । राजस्थान हाईकोर्ट के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश (एक्टिंग चीफ जस्टिस) न्यायमूर्ति संजीव प्रकाश शर्मा के कामकाज को लेकर सुप्रीम कोर्ट के जज न्यायमूर्ति संदीप मेहता ने गंभीर सवाल उठाए हैं। जस्टिस मेहता ने भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत को 2, 10 और 17 अगस्त 2026 को तीन पत्र लिखकर राजस्थान हाईकोर्ट में तत्काल किसी अन्य हाईकोर्ट से नियमित मुख्य न्यायाधीश नियुक्त करने और न्यायमूर्ति एसपी शर्मा को राजस्थान से बाहर स्थानांतरित करने का आग्रह किया है।

प्रशासनिक शक्तियों के दुरुपयोग का आरोप

जस्टिस मेहता ने अपने पत्रों में आरोप लगाया है कि कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति शर्मा द्वारा प्रशासनिक शक्तियों का कथित तौर पर दुरुपयोग किया जा रहा है। उन्होंने केसों की लिस्टिंग में कथित हेरफेर, चुनिंदा मामलों को विशेष पीठ के समक्ष भेजने तथा प्रभावशाली या संपन्न पक्षकारों को लाभ पहुंचाने जैसी गंभीर आशंकाएं जताई हैं। पत्रों में कथित कुप्रशासन, पक्षपात और प्रशासनिक अनियमितताओं का भी उल्लेख किया गया है।

जस्टिस मेहता के अनुसार, उन्होंने पहले भी CJI के संज्ञान में ऐसे मामलों को लाने का प्रयास किया था, जिनमें अन्य पीठों के समक्ष सूचीबद्ध मामलों को बाद में हटाकर बिना उचित कारण न्यायमूर्ति शर्मा की अदालत में भेजे जाने की शिकायतें थीं।

साथी जजों को ट्रांसफर की धमकी देने का आरोप

अपने 2 अगस्त के पत्र में जस्टिस मेहता ने कहा कि राजस्थान हाईकोर्ट के कई न्यायाधीशों ने उनसे न्यायमूर्ति शर्मा के व्यवहार को लेकर अपनी चिंता जाहिर की थी। पत्र के अनुसार, आरोप है कि न्यायमूर्ति शर्मा साथी न्यायाधीशों को प्रतिकूल कार्रवाई या तबादले की धमकी देते थे और स्वयं को CJI के करीबी के रूप में प्रस्तुत करते थे।

जस्टिस मेहता ने इन घटनाओं को न्यायिक संस्था के लिए गंभीर चिंता का विषय बताते हुए कहा कि हाईकोर्ट के प्रशासन में पारदर्शिता और निष्पक्षता बनाए रखना आवश्यक है।

नियमित चीफ जस्टिस की नियुक्ति की मांग

जस्टिस मेहता ने CJI से आग्रह किया कि राजस्थान हाईकोर्ट में किसी दूसरे राज्य के हाईकोर्ट से नियमित मुख्य न्यायाधीश की नियुक्ति की जाए। उन्होंने कहा कि नियमित मुख्य न्यायाधीश की नियुक्ति के उनके आग्रह की लगातार अनदेखी करना संस्था के हित में नहीं है। उन्होंने न्यायमूर्ति शर्मा को राजस्थान से बाहर स्थानांतरित करने की भी मांग की है।

जस्टिस शर्मा की सेवानिवृत्ति भी करीब

रिपोर्टों के मुताबिक, न्यायमूर्ति संजीव प्रकाश शर्मा पिछले करीब 10 महीनों से राजस्थान हाईकोर्ट के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश के पद पर हैं और अगले महीने सेवानिवृत्त होने वाले हैं। जस्टिस मेहता ने अपने पत्रों में उनके कार्यकाल के दौरान सामने आई कथित प्रशासनिक और न्यायिक अनियमितताओं को गंभीरता से लेने की मांग की है।

CJI सूर्यकांत ने कहा- संस्थागत प्रक्रिया के तहत होगी जांच

इस मामले के सार्वजनिक होने के बाद CJI सूर्यकांत ने कहा है कि जस्टिस मेहता की ओर से उठाई गई चिंताओं को उन्होंने और सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम के अन्य सदस्यों ने संज्ञान में लिया है। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी मौजूदा न्यायाधीश के खिलाफ लगाए गए आरोपों पर सार्वजनिक मंच पर निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता। ऐसे मामलों से निर्धारित संस्थागत प्रक्रिया के तहत ही निपटा जाएगा और संबंधित न्यायाधीश को अपना पक्ष रखने का अवसर दिया जाना जरूरी है।

Source: NSI MEDIA

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