Skip to content
हिन्दी
BREAKING

Bikaner: वंदे गंगा, जल संरक्षण जन अभियानः 356 कार्यों की स्वीकृतियां जारी

Updated:

व्यय होंगे 12 करोड़ से अधिक, 58 करोड़ लीटर अतिरिक्त बरसाती जल हो सकेगा संग्रहित मीडिया राउंड टेबल में अधिकारियों ने दी जानकारी बीकानेर, 3 जून। वंदे गंगा, जल संरक्षण जन अभियान के तहत बुधवार तक जलग्रहण विभाग द्वारा बरसाती…

व्यय होंगे 12 करोड़ से अधिक, 58 करोड़ लीटर अतिरिक्त बरसाती जल हो सकेगा संग्रहित

मीडिया राउंड टेबल में अधिकारियों ने दी जानकारी

बीकानेर, 3 जून। वंदे गंगा, जल संरक्षण जन अभियान के तहत बुधवार तक जलग्रहण विभाग द्वारा बरसाती जल संग्रहण के 356 कार्यों की स्वीकृतियां जारी की गई हैं। यह कार्य होने से जिले में 41.2 करोड़ लीटर बरसाती जल संग्रहण की क्षमता बढ़ेगी। इन कार्यों पर लगभग 8.48 करोड़ रुपए व्यय होंगे।

अभियान के तहत बुधवार को आयोजित मीडिया राउंड टेबल कार्यक्रम के दौरान जिला परिषद की मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्रीमती शैलजा पांडे ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अभियान के अब तक तहत 273 फॉर्म पौंड और 83 टांके स्वीकृत किए गए हैं। यह सभी स्वीकृतियां मुख्यमंत्री जल स्वावलम्बन अभियान 2 और 3 के तहत की गई हैं। उन्होंने बताया कि 5 जून तक 244 और कार्य स्वीकृत किए जाएंगे। जिससे 17.4 लीटर अतिरक्त बरसाती जल संग्रहण क्षमता बढ़ेगी। इन पर 3.95 करोड़ व्यय किए जाएंगे। इस प्रकार सभी कार्य पूर्ण होने से जिले में 58 करोड़ लीटर अतिरिक्त वर्षा जल संग्रहण की क्षमता बढ़ सकेगी। 

अधीक्षण अभियंता (जलग्रहण) श्री महेश अजाड़ीवाल ने बताया कि 25 मई से 5 जून तक चलने वाले इस अभियान के तहत जिले में अब तक 12 हजार 839 गतिविधियां आयोजित की गई हैं। जिनमें 12 लाख 79 हजार 31 लोगों को जल संरक्षण, जल बचत और बूंद-बूंद पानी के सदुपयोग के प्रति जागरुक किया गया है। अभियान के तहत 24 विभागों के माध्यम से राज्य सरकार द्वारा निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं। उन्होंने बताया कि ग्रामीण विकास एवं पंचायत राज विभाग द्वारा अब तक गांव-गांव में 10 हजार से अधिक छोटी-बड़ी गतिविधियां आयोजित की हैं।

उद्यान विभाग के सहायक निदेशक श्री मुकेश गहलोत ने कहा कि जिले में ‘पर ड्रॉप-मोर क्रॉप’ की अवधारणा तथा बूंद-बूंद पानी की बचत की दिशा में उल्लेखनीय कार्य किया जा रहा है। जिले में 20 हजार से डिग्गियां बनाई चुकी हैं। अब तक 14 हजार सोलर पंप संयंत्र की स्थापना की गई है, जिससे हमारे किसान सूक्ष्म सिंचाई संयंत्र, मिनी फव्वारा व फव्वारा के माध्यम से सिंचाई कर रहे हैं। इसी का परिणाम है कि खरीफ में 16 लाख हेक्टयर क्षेत्रफल में रबी में 6 लाख हेक्टयर क्षेत्रफल में फसलों की बुवाई हो रही है।

जनसंपर्क विभाग के उपनिदेशक हरि शंकर आचार्य ने मीडिया के साथ आयोजित विभिन्न गतिविधियांे की जानकारी दी। अभियान की रूपरेखा के बारे में बताया। इस दौरान जिला परिषद के विभिन्न अधिकारी मौजूद रहे।

Share

Comments

0 / 1200

Comments close 30 days after publication.

Related News